लक्सर (आरसी/संदीप कुमार) हरिद्वार जिले के लक्सर कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत पुलिस चौकी रायसी क्षेत्र से जुड़े चर्चित गुमशुदगी के मामले में पुलिस ने एक बड़ा और सनसनीखेज खुलासा किया है। दो से तीन अगस्त की रात को संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हुए 26 वर्षीय युवक अंकित की गुमशुदगी अब ब्लाइंड मर्डर केस में तब्दील हो गई है। पुलिस ने कारोबार और पुरानी रंजिश के चलते हत्या करने वाले चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जिनकी निशानदेही पर एसडीआरएफ की मदद से मृतक का शव और उसकी मोटरसाइकिल गंगा नदी से बरामद कर ली गई है।
ग्राम शिवपुरी उर्फ सोपरी कोतवाली लक्सर जनपद हरिद्वार निवासी अंकुश पुत्र नरेश ने पुलिस चौकी रायसी में तहरीर दी थी कि उनका बड़ा भाई अंकित उम्र 26 वर्ष गत 02 अगस्त की रात्रि लगभग साढ़े ग्यारह बजे घर से मोटरसाइकिल पर सवार होकर निकला था। जो वापस नहीं लौटा। परिजनों की तलाश और शिकायत के आधार पर पुलिस ने पहले गुमशुदगी दर्ज की थी। घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार के निर्देशानुसार प्रभारी निरीक्षक के नेतृत्व में एक पुलिस टीम का गठन किया गया। जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज, कॉल डिटेल, तकनीकी साक्ष्यों और मैनुअल पुलिसिंग के आधार पर यह तथ्य सामने आया कि लापता अंकित की गांव के ही कुछ युवकों से पुरानी रंजिश चल रही थी। इसके बाद परिजनों की आशंका पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपियों से कड़ाई से पूछताछ शुरू की।
यह मामला पुलिस की कार्यशैली और पुलिस मुखबिरों की भूमिका के संवेदनशील पहलू को भी उजागर करता है। पुलिस की सख्त पूछताछ में आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल करते हुए बताया कि मृतक अंकित काफी समय से उन्हें परेशान कर रहा था और ट्रैक्टर ट्राली के खनन कार्य में उनकी मुखबिरी करके पुलिस या प्रशासन से पकड़वा दिया करता था, जिससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान हो रहा था। इसी मुखबिरी की रंजिश के चलते चारों आरोपियों ने अंकित को रास्ते से हटाने की साजिश रची। 02 अगस्त की रात जब अंकित अपने घर लौट रहा था, तो रास्ते में घात लगाकर उसे रोककर उसकी हत्या कर दी गई। इसके बाद साक्ष्य छुपाने की नीयत से शव को उसकी मोटरसाइकिल के साथ बांधकर शिवपुरी गांव के पास खुसरो की ठोकर से गंगा नदी में डुबो दिया गया।
आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस टीम ने गोताखोरों और एसडीआरएफ की टीम को मौके पर बुलाया। एसडीआरएफ की टीम के अथक प्रयासों से गंगा नदी में डूबी हुई मृतक की मोटरसाइकिल और उसका शव बरामद कर लिया गया। इस खुलासे के बाद मुकदमे में गंभीर धाराओं की बढ़ोतरी की गई है। पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी अंकित चौहान उर्फ फौजी पूर्व में भी थाना खानपुर से हत्या के मामले में जेल जा चुका है।
इस मामले में सचिन पुत्र पवन, मेहकार पुत्र पवन, कुलवंत पुत्र कल्लू और अंकित चौहान उर्फ फौजी पुत्र सुरेश पाल सभी निवासी शिवपुरी रायसी हरिद्वार को गिरफ्तार किया गया है, जिनकी निशानदेही पर मृतक का शव और उसकी मोटरसाइकिल बरामद की गई है।
इस ब्लाइंड मर्डर केस का सफल अनावरण करने वाली पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक प्रवीण कोश्यारी, एस एस आई नितिन चौहान, उ नि राजीव उनियाल चौकी इंचार्ज रायसी, उ नि यशवीर नेगी चौकी इंचार्ज भीकमपुर, कांस्टेबल अरविंद, कांस्टेबल ध्वजवीर, कांस्टेबल हिमांशु चौधरी, कांस्टेबल मुकेश, कांस्टेबल अनूप पोखरियाल, कांस्टेबल सुरेश, हेड कांस्टेबल महेंद्र सिंह और हेड कांस्टेबल रविंद्र शामिल रहे।
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