बहादराबाद (आर सी/संदीप कुमार) उत्तराखंड के कई राज्यों में हो रही मूसलाधार बारिश के कारण जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है. इसका असर सड़कों पर भी साफ दिखाई दे रहा है, खासकर नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) द्वारा पतंजलि से बढ़ेडी राजपूताना के को जाने वाले हाइवे पर बनाए गए हाईवे पर. लगातार बारिश के कारण इन सड़कों पर बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं, और उनमें पानी भर गया है. इसके चलते, लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, और सड़क दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ गया है।

सड़कों पर गड्ढे और जलभराव
लगातार हो रही बारिश के कारण NHAI के तहत आने वाले कई हाईवे पर डामर उखड़ने लगा है, जिससे गहरे गड्ढे बन गए हैं. इन गड्ढों में पानी भर जाने से इनकी गहराई का अंदाजा लगाना मुश्किल हो जाता है, जिससे गाड़ी चलाने वालों के लिए खतरा बढ़ गया है. खासकर रात के समय, जब दृश्यता कम होती है, तो ये गड्ढे और भी खतरनाक हो जाते हैं.
इन सड़कों से गुजरने वाले वाहन चालक बताते हैं कि गड्ढे इतने गहरे हैं कि गाड़ियों का संतुलन बिगड़ सकता है, जिससे दुर्घटना होने की संभावना बढ़ गई है. कई जगहों पर तो गड्ढों के कारण ट्रैफिक जाम की समस्या भी पैदा हो गई है, जिससे लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में अतिरिक्त समय लग रहा है।

मरम्मत का काम कछुए की चाल, हादसों का इंतजार
हालांकि, NHAI ने इन गड्ढों की मरम्मत का काम शुरू कर दिया है, लेकिन इसकी गति इतनी धीमी है कि लोगों का धैर्य जवाब दे रहा है. ऐसा लगता है कि प्रशासन किसी बड़े हादसे के इंतजार में है. स्थानीय लोगों का कहना है कि सिर्फ खानापूर्ति के लिए काम किया जा रहा है. अगर मरम्मत का काम इसी धीमी गति से चलता रहा, तो बारिश खत्म होने तक भी सड़कें ठीक नहीं हो पाएंगी.
सड़क निर्माण में उपयोग होने वाली सामग्री की गुणवत्ता पर भी सवाल उठ रहे हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि हर साल बारिश के मौसम में यह समस्या सामने आती है, लेकिन NHAI द्वारा कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला जाता है.
लोगों ने सरकार और NHAI से इस समस्या का जल्द से जल्द समाधान करने की मांग की है. उनका कहना है कि इन सड़कों की तुरंत मरम्मत की जानी चाहिए, और भविष्य में ऐसी समस्याओं को रोकने के लिए सड़कों के निर्माण में बेहतर गुणवत्ता वाली सामग्री का उपयोग किया जाना चाहिए. यह मुद्दा सिर्फ आवागमन की समस्या का नहीं, बल्कि लोगों की सुरक्षा का भी है।